लोकसंग्रह: क्या है धर्म का असली सार? क्यों केवल अपने लिए जीना अधर्म है। धर्म का सार है “लोकसंग्रह” — सबका भला तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं उस गहरे सनातन सत्य को शब्द देने आया हूँ जिसे भगवान श्रीकृष्ण ने गीता मे…
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