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देवगुरु बृहस्पति: सनातन ज्ञान-परंपरा और विवेक के जीवंत प्रतीक | सनातन संवाद

देवगुरु बृहस्पति: सनातन ज्ञान-परंपरा और विवेक के जीवंत प्रतीक | सनातन संवाद देवगुरु बृहस्पति और ज्ञान की सनातन परंपरा महर्षि बृहस्पति: विवेक, धर्म और सूक्ष्म व्याख्या के संरक्षक देवगुरु बृहस्पति और ज्ञान की सनातन परंपरा सनातन परंपरा में ज्ञान …

महाशिवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व | Sanatan Sanvad

महाशिवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व | Sanatan Sanvad महाशिवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व जब वर्ष के बारह महीनों में अनेकों पर्व आते हैं, तब उनमें एक ऐसी रात्रि भी आती है जो केवल उत्सव नहीं, जागरण है; केवल पूजा नहीं, आत्मबोध का आह्वान है। वही पावन रात्रि है महाशिव…

“Minimalism & Detachment” — कम में जीने की चाह | Sanatan Sanvad

“Minimalism & Detachment” — कम में जीने की चाह | Sanatan Sanvad “Minimalism & Detachment” — कम में जीने की चाह एक समय था जब जीवन को सरल रखना स्वाभाविक था। कम वस्तुएँ, सीमित इच्छाएँ और संतोष से भरा मन—यही जीवन की परिभाषा थी। लेकिन आधुनिक समय में अधिक…

दुनिया थक चुकी है “Fast Life” से — Slow Living फिर से ट्रेंड में | Sanatan Sanvad

दुनिया थक चुकी है “Fast Life” से — Slow Living फिर से ट्रेंड में | Sanatan Sanvad दुनिया थक चुकी है “Fast Life” से — Slow Living फिर से ट्रेंड में एक समय था जब तेज़ चलना प्रगति की निशानी माना जाता था। तेज़ बोलना, तेज़ कमाना, तेज़ खपाना और तेज़ जीना—यही आधुन…

दुनिया थक चुकी है “Fast Life” से — Slow Living फिर से ट्रेंड में | Sanatan Sanvad

दुनिया थक चुकी है “Fast Life” से — Slow Living फिर से ट्रेंड में | Sanatan Sanvad दुनिया थक चुकी है “Fast Life” से — Slow Living फिर से ट्रेंड में एक समय था जब तेज़ चलना प्रगति की निशानी माना जाता था। तेज़ बोलना, तेज़ कमाना, तेज़ खपाना और तेज़ जीना—यही आधुन…

Main Garv Se Kahta Hoon – Main Hindu Hoon | Sanatana Dharma and Responsibility

Main Garv Se Kahta Hoon – Main Hindu Hoon | Sanatana Dharma and Responsibility मैं गर्व से कहता हूँ — मैं हिन्दू हूँ, क्योंकि मेरा धर्म मुझे ज़िम्मेदारी से जीना सिखाता है नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं आपको सनातन धर्म…

हिन्दू धर्म का क्रमिक इतिहास: देवता, प्रतीक और अवतारवाद का दार्शनिक सफर

हिन्दू धर्म का क्रमिक इतिहास: देवता, प्रतीक और अवतारवाद का दार्शनिक सफर हिन्दू धर्म का इतिहास: देवता, प्रतीक और अवतार की चेतना तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद हिन्दू धर्म के इतिहास में देवता किसी दूर बैठे सर्वशक्तिमान शासक की तरह नहीं आते, बल्कि मानव अनुभ…

काल, युग और अनंत समय की दृष्टि | Sanatan Sanvad

काल, युग और अनंत समय की दृष्टि | Sanatan Sanvad काल, युग और अनंत समय की दृष्टि हिन्दू धर्म के इतिहास को समझने में सबसे बड़ी भूल यह होती है कि हम उसे पश्चिमी इतिहास-बोध की सीधी रेखा…

सहनशीलता — धर्म का आभूषण

सहनशीलता — धर्म का आभूषण सहनशीलता — धर्म का आभूषण तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं उस गुण की बात करने आया हूँ जिसे कमजोर लोग कमजोरी समझ लेते हैं, और समझदार लोग जीवन का सबसे बड़ा बल मानते हैं — सहनशीलता ही धर्म का आ…