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अन्य देवताओं की तरह भगवान ब्रह्मा की पूजा क्यों नहीं होती? | Sanatan Sanvad

अन्य देवताओं की तरह भगवान ब्रह्मा की पूजा क्यों नहीं होती? | Sanatan Sanvad अन्य देवताओं की तरह भगवान ब्रह्मा की पूजा क्यों नहीं होती? — सनातन दृष्टि सनातन धर्म में सृष्टि को समझने के लिए त्रिदेव की अवधारणा दी गई—सृजन, पालन और लय। इस त्रिमूर्ति में सृजन का दायित्व भगव…

Main Garv Se Kahta Hoon – Main Hindu Hoon | Sanatana Dharma and Responsibility

Main Garv Se Kahta Hoon – Main Hindu Hoon | Sanatana Dharma and Responsibility मैं गर्व से कहता हूँ — मैं हिन्दू हूँ, क्योंकि मेरा धर्म मुझे ज़िम्मेदारी से जीना सिखाता है नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं आपको सनातन धर्म…

धर्म आदत नहीं — आत्मा का अनुशासन है

धर्म आदत नहीं — आत्मा का अनुशासन है धर्म आदत नहीं — आत्मा का अनुशासन है अग्नीपुत्र 🔥 | सनातन संवाद आज का हिंदू धर्म को आस्था से ज़्यादा आदत बना चुका है। त्योहार आते हैं तो पूजा होती है, मंदिर दिखता है तो सिर झुक जाता है, मुसीबत आती है तो भगवान याद आते हैं …

नववर्ष 2026: सनातन संकल्पों की ओर समाज की वापसी

नववर्ष 2026: सनातन संकल्पों की ओर समाज की वापसी धार्मिक–सामाजिक डेस्क | नववर्ष 2026 नववर्ष 2026 के आगमन के साथ ही देशभर में सनातन संकल्पों को लेकर चर्चा तेज़ हो गई है। नए वर्ष के पहले सप्ताह में संत-समाज ने समाज से आह्वान किया है कि आधुनिक जीवन की गति के बीच धार्मिक अनुशासन, आत्मचिंतन औ…

कड़वी सच्चाई — धर्म दूसरों को सुधारने का औज़ार नहीं, खुद को देखने का दर्पण है

कड़वी सच्चाई — धर्म दूसरों को सुधारने का औज़ार नहीं, खुद को देखने का दर्पण है पहले स्वयं पर विजय — सनातन की असली जीत अग्नीपुत्र 🔥 | सनातन संवाद आज का हिंदू यह मान बैठा है कि धर्म दूसरों को सुधारने का औज़ार है, खुद को सुधारने का दर्पण नहीं। हम तुरंत उँगली …

कड़वी सच्चाई – 27 | सनातन धर्म शोर नहीं, आचरण मांगता है

कड़वी सच्चाई – 27 | सनातन धर्म शोर नहीं, आचरण मांगता है 🔱 कड़वी सच्चाई – 27 (सनातन धर्म) अग्नीपुत्र 🔥 | सनातन संवाद आज का हिंदू यह भूल गया है कि धर्म का मूल्य शोर से नहीं, शांत आचरण से मापा जाता है। हम ज़ोर से बोलते हैं, नारे ऊँचे लगाते हैं, भावनाएँ उफनत…

कड़वी सच्चाई — धर्म मानने से नहीं, जीने से जीवित रहता है

कड़वी सच्चाई — धर्म मानने से नहीं, जीने से जीवित रहता है कड़वी सच्चाई — धर्म मानने से नहीं, जीने से जीवित रहता है अग्नीपुत्र 🔥 | सनातन संवाद आज का हिंदू यह मान लेता है कि धर्म मानना ही पर्याप्त है, धर्म निभाना ज़रूरी नहीं वह कहता है — “मैं आस्तिक हूँ”, लेक…

संस्कार — जब जीवन आकार लेता है

संस्कार — जब जीवन आकार लेता है संस्कार — जब जीवन आकार लेता है तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं तुम्हें उस आधार की बात बताने आया हूँ जिस पर पूरा मानव जीवन खड़ा होता है — संस्कार। सनातन धर्म कहता है — मनुष्य जन्म से पूर्…

कड़वी सच्चाई — जब धर्म पहचान बन जाता है, परिवर्तन नहीं

कड़वी सच्चाई — जब धर्म पहचान बन जाता है, परिवर्तन नहीं आज का हिंदू और धर्म की असली परीक्षा अग्नीपुत्र 🔥 | सनातन संवाद आज का हिंदू यह मान बैठा है कि धर्म का मतलब सिर्फ़ पहचान है, परिवर्तन नहीं। उसे गर्व है कि वह किस कुल में जन्मा, किस परंपरा से जुड़ा है, क…

तीर्थ और यात्रा — जब शरीर चलता है और आत्मा जागती है

तीर्थ और यात्रा — जब शरीर चलता है और आत्मा जागती है तीर्थ और यात्रा — जब शरीर चलता है और आत्मा जागती है तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं तुम्हें उस परंपरा का अर्थ बताने आया हूँ जिसे लोग “घूमना” समझ लेते हैं, पर सनातन में…

आज का पंचांग 31 दिसंबर 2025: बुधवार, पौष शुक्ल द्वादशी–त्रयोदशी | कृत्तिका और रोहिणी नक्षत्र, साध्य योग

आज का पंचांग 31 दिसंबर 2025: बुधवार, पौष शुक्ल द्वादशी–त्रयोदशी | कृत्तिका और रोहिणी नक्षत्र, साध्य योग आज का पंचांग 31 दिसंबर 2025: बुधवार तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद 🙏 श्री सनातन संवाद – पंचांग विवेचन 🙏 (31 दिसम्बर 2025 | बुधवार | उज्जैन) नमस्कार, मैं तु…

कड़वी सच्चाई — बिना अनुशासन के विश्वगुरु बनने का भ्रम

कड़वी सच्चाई — बिना अनुशासन के विश्वगुरु बनने का भ्रम अनुशासन के बिना विश्वगुरु नहीं बनता समाज अग्नीपुत्र 🔥 | सनातन संवाद आज का हिंदू यह तो चाहता है कि उसका धर्म विश्वगुरु बने, लेकिन स्वयं अनुशासन का शिष्य बनना नहीं चाहता। हम बड़े-बड़े आदर्श बताते हैं, प…

देवी और देवता — प्रतीक नहीं, चेतना के स्वरूप

देवी और देवता — प्रतीक नहीं, चेतना के स्वरूप देवी और देवता — प्रतीक नहीं, चेतना के स्वरूप तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं तुम्हें उस रहस्य की कथा बताने आया हूँ जो लोग केवल मूर्तियों और पूजा तक सीमित समझते हैं, पर सनातन म…

आज का पंचांग 30 दिसंबर 2025: मंगलवार, पौष शुक्ल दशमी–एकादशी | भरणी नक्षत्र, सिद्ध योग और वैकुंठ एकादशी

आज का पंचांग 30 दिसंबर 2025: मंगलवार, पौष शुक्ल दशमी–एकादशी | भरणी नक्षत्र, सिद्ध योग और वैकुंठ एकादशी आज का पंचांग 30 दिसंबर 2025: मंगलवार तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद 🙏 श्री सनातन संवाद – पंचांग 🙏 (30 दिसम्बर 2025 | मंगलवार | उज्जैन) नमस्कार, मैं तु ना रिं…

गुरु — बिना दीपक के अंधकार में चलना क्यों असंभव है

गुरु — बिना दीपक के अंधकार में चलना क्यों असंभव है गुरु — बिना दीपक के अंधकार में चलना क्यों असंभव है तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं तुम्हें उस आधार की बात बताने आया हूँ जिसके बिना सनातन का कोई भी मार्ग पूर्ण नहीं होत…

कड़वी सच्चाई — धर्म की असली परीक्षा मंदिर के बाहर होती है

कड़वी सच्चाई — धर्म की असली परीक्षा मंदिर के बाहर होती है मंदिर के बाहर धर्म की असली परीक्षा तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद आज का हिंदू यह मानने को तैयार नहीं कि धर्म की सबसे बड़ी परीक्षा मंदिर के बाहर होती है। हम पूजा के समय बहुत पवित्र बन जाते हैं, लेकिन जैसे…

सप्तऋषि — मानव चेतना के मार्गदर्शक

सप्तऋषि — मानव चेतना के मार्गदर्शक सप्तऋषि — मानव चेतना के मार्गदर्शक तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं तुम्हें उन गूढ़ ऋषियों की कथा बताने आया हूँ जो मानव समाज और चेतना के मार्गदर्शक रहे हैं — सप्तऋषि। सनातन धर्म में स…

आज का पंचांग 29 दिसंबर 2025: सोमवार, पौष शुक्ल नवमी–दशमी | शिव योग, चंद्र परिवर्तन और सनातन विवेचन

आज का पंचांग 29 दिसंबर 2025: सोमवार, पौष शुक्ल नवमी–दशमी | शिव योग, चंद्र परिवर्तन और सनातन विवेचन आज का पंचांग 29 दिसंबर 2025: सोमवार तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद 🙏 श्री सनातन संवाद – पंचांग विवेचन 🙏 (29 दिसम्बर 2025 | सोमवार | उज्जैन) आज का दिन पौष मास क…

सनातन का समय विज्ञान — कालचक्र और युग

सनातन का समय विज्ञान — कालचक्र और युग सनातन का समय विज्ञान — कालचक्र और युग तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद नमस्कार, मैं तु ना रिं, एक सनातनी। आज मैं तुम्हें उस रहस्य से परिचित कराने आया हूँ जो अक्सर अनदेखा रह जाता है — सनातन का समय विज्ञान और युगों का चक्र। स…

कड़वी सच्चाई — जब सनातन सुविधा बन जाता है, साधना नहीं

कड़वी सच्चाई — जब सनातन सुविधा बन जाता है, साधना नहीं आज का हिंदू और सुविधा का धर्म तु ना रिं 🔱 | सनातन संवाद आज का हिंदू अपने धर्म को सुविधा के अनुसार अपनाता है। जहाँ धर्म से लाभ दिखता है, वहाँ हम आगे रहते हैं। जहाँ धर्म से संयम, मर्यादा और त्याग माँगा जा…